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कंगना रनौत की ‘मणिकर्णिका’ के ये दमदार डायलॉग्स, याद दिला देंगे आजादी का इतिहास

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आजादी के इतिहास में सुनहरे अक्षरों से अपना नाम लिखवाने वाली झांसी की रानी लक्ष्मीबाई अदम्य शौर्य और साहस के लिए जानी जाती हैं. बचपन में हम सभी ने खूब लड़ी मर्दानी वह तो झांसी वाली रानी थी’ कविता जरूर सुनी होगी, सुभद्रा कुमारी चौहान ने ये कविता रानी लक्ष्मीबाई के पराक्रम, उनकी वीरता पर लिखी गई थी. अब लक्ष्मीबाई की पढ़ी हुई कहानी को पर्दे पर लेकर आई हैं एक्ट्रेस कंगना रनौत. ‘मणिकर्णिका: द क्वीन ऑफ झांसी’ के नाम से बनी इस फिल्म में कंगना लीड रोल प्ले करने जा रही हैं.

फिल्म का ट्रेलर देखकर लग रहा है कि ये फिल्म फैंस के बीच अपनी जगह बनाने में कामयाब रहेगी. छोटे पर्दे पर इस टॉपिक पर कई शोज बनाए जा चुके हैं लेकिन बड़े पर्दे पर पहली बार रानी लक्ष्मीबाई का किरदार देखना सच में रोचक होगा. इस फिल्म की कहानी भारत की आजादी की लड़ाई की कहानी है जो कि 1857 में लड़ी गई थी. फिल्‍म का निर्देशन राधा कृष्ण जगरलमूडी ने किया है.

फिल्म के ट्रेलर में बोले गए कुछ डायलॉग्स दतने दमदार हैं कि इन्हें सुनकर आपका मन जोश और देशभक्ति की आग से भर उठेगा.

नई दिल्ली : आजादी के इतिहास में सुनहरे अक्षरों से अपना नाम लिखवाने वाली झांसी की रानी लक्ष्मीबाई अदम्य शौर्य और साहस के लिए जानी जाती हैं. बचपन में हम सभी ने खूब लड़ी मर्दानी वह तो झांसी वाली रानी थी’ कविता जरूर सुनी होगी, सुभद्रा कुमारी चौहान ने ये कविता रानी लक्ष्मीबाई के पराक्रम, उनकी वीरता पर लिखी गई थी. अब लक्ष्मीबाई की पढ़ी हुई कहानी को पर्दे पर लेकर आई हैं एक्ट्रेस कंगना रनौत. ‘मणिकर्णिका: द क्वीन ऑफ झांसी’ के नाम से बनी इस फिल्म में कंगना लीड रोल प्ले करने जा रही हैं.

फिल्म का ट्रेलर देखकर लग रहा है कि ये फिल्म फैंस के बीच अपनी जगह बनाने में कामयाब रहेगी. छोटे पर्दे पर इस टॉपिक पर कई शोज बनाए जा चुके हैं लेकिन बड़े पर्दे पर पहली बार रानी लक्ष्मीबाई का किरदार देखना सच में रोचक होगा. इस फिल्म की कहानी भारत की आजादी की लड़ाई की कहानी है जो कि 1857 में लड़ी गई थी. फिल्‍म का निर्देशन राधा कृष्ण जगरलमूडी ने किया है.

फिल्म के ट्रेलर में बोले गए कुछ डायलॉग्स दतने दमदार हैं कि इन्हें सुनकर आपका मन जोश और देशभक्ति की आग से भर उठेगा.

1. मैं रानी लक्ष्मीबाई प्रतिज्ञा करती हूं, जबतक मेरे शरीर में रक्त की आखिरी बूंद है मैं झांसी की रक्षा करुंगी…

2. मैं अपनी झांसी किसी को नहीं दूंगी…

3. हम लड़ेंगे ताकि आने वाली पीढ़ियां अपनी आजादी का उत्सव मनाएं…

4. मैं वो मशाल बनूंगी जो हर भारतीय के दिल में आजादी की भूख बनकर दहकेगी…

5. जब बेटी उठ खड़ी होती है तभी विजय बड़ी होती है…

फिल्म में कंगना के अलावा अतुल कुलकर्णी, जिशु सेनगुप्ता, सुरेश ओबेरॉय, डैनी और अंकिता लोखंडे भी अहम भूमिकाओं में हैं. फिल्म का निर्देशन क्रिश ने किया है और फिल्म की कहानी केवी विजयेंद्र द्वारा लिखी गई है. कंगना रनौत अपनी इस फिल्म को लेकर बेहद उत्साहित हैं.